KVS Winter Vacation Alert – इस सर्दी में केंद्रीय विद्यालयों के छात्रों, अभिभावकों और शिक्षकों के लिए बड़ी राहत की खबर सामने आई है। (KVS) द्वारा शीतकालीन अवकाश की आधिकारिक घोषणा के बाद देशभर के केंद्रीय विद्यालयों में 23 दिसंबर से 11 जनवरी तक स्कूल बंद रहेंगे। ठंड के बढ़ते प्रकोप, शीतलहर और बच्चों के स्वास्थ्य को ध्यान में रखते हुए यह निर्णय लिया गया है। इस लंबे अवकाश से छात्रों को न केवल आराम का समय मिलेगा बल्कि वे परिवार के साथ गुणवत्तापूर्ण समय भी बिता सकेंगे। साथ ही, परीक्षा और पढ़ाई के दबाव से कुछ समय की राहत मिलने से मानसिक स्वास्थ्य पर भी सकारात्मक प्रभाव पड़ेगा।
केंद्रीय विद्यालयों में शीतकालीन अवकाश का पूरा शेड्यूल
केंद्रीय विद्यालय संगठन द्वारा जारी शीतकालीन अवकाश का शेड्यूल देशभर के सभी KVS स्कूलों पर लागू होगा। आधिकारिक जानकारी के अनुसार, 23 दिसंबर से विद्यालय पूरी तरह बंद रहेंगे और 11 जनवरी के बाद नियमित कक्षाएं फिर से शुरू होंगी। इस अवधि के दौरान किसी भी प्रकार की शैक्षणिक गतिविधि, परीक्षाएं या ऑफलाइन कक्षाएं आयोजित नहीं की जाएंगी। हालांकि, कुछ विद्यालयों में कक्षा 10वीं और 12वीं के छात्रों के लिए वैकल्पिक ऑनलाइन मार्गदर्शन या असाइनमेंट दिए जा सकते हैं।
छात्रों और अभिभावकों के लिए क्या है खास निर्देश
शीतकालीन अवकाश के दौरान KVS ने छात्रों और अभिभावकों के लिए कुछ जरूरी दिशा-निर्देश भी साझा किए हैं। छात्रों को सलाह दी गई है कि वे छुट्टियों के समय को केवल मनोरंजन तक सीमित न रखें, बल्कि हल्की पढ़ाई और रिवीजन भी करते रहें। विशेष रूप से बोर्ड कक्षाओं के विद्यार्थियों को ऑनलाइन स्टडी मैटेरियल, प्रोजेक्ट व असाइनमेंट समय पर पूरा करने की सलाह दी गई है। अभिभावकों से भी अपील की गई है कि वे बच्चों को अत्यधिक ठंड से बचाएं और उनकी दिनचर्या संतुलित रखें।
शीतकालीन अवकाश का पढ़ाई और परीक्षा पर असर
लंबे शीतकालीन अवकाश का प्रभाव छात्रों की पढ़ाई और आगामी परीक्षाओं पर भी पड़ता है। कई अभिभावकों को चिंता रहती है कि छुट्टियों के कारण पढ़ाई में गैप आ सकता है, लेकिन KVS का मानना है कि सही योजना के साथ यह समय फायदेमंद साबित हो सकता है। छात्र इस अवधि में कमजोर विषयों पर ध्यान दे सकते हैं और पिछले पाठ्यक्रम की पुनरावृत्ति कर सकते हैं। शिक्षक भी अवकाश से पहले जरूरी सिलेबस कवर कर लेते हैं ताकि छात्रों को परेशानी न हो। खासकर बोर्ड परीक्षाओं की तैयारी कर रहे विद्यार्थियों के लिए यह समय आत्ममूल्यांकन और प्रैक्टिस का अवसर देता है। संतुलित समय-सारिणी अपनाकर छात्र इस अवकाश को पढ़ाई के लिहाज से भी उपयोगी बना सकते हैं।
स्कूल दोबारा खुलने के बाद क्या होगा बदलाव
11 जनवरी के बाद जब केंद्रीय विद्यालय दोबारा खुलेंगे, तब स्कूलों में सामान्य शैक्षणिक गतिविधियां फिर से शुरू होंगी। कई विद्यालयों में सर्दी को ध्यान में रखते हुए टाइमिंग में हल्का बदलाव किया जा सकता है। छुट्टियों के बाद पहले कुछ दिनों में रिवीजन क्लासेज और ओरिएंटेशन सत्र आयोजित होने की संभावना रहती है, ताकि छात्र पढ़ाई की लय में वापस आ सकें। इसके अलावा, वार्षिक परीक्षाओं और प्रोजेक्ट सबमिशन की तारीखों को लेकर भी स्कूल स्तर पर सूचनाएं जारी की जा सकती हैं। छात्रों को सलाह दी जाती है कि वे छुट्टियों के दौरान स्कूल बैग, यूनिफॉर्म और जरूरी किताबों की तैयारी पहले से कर लें, जिससे स्कूल खुलने के बाद किसी तरह की असुविधा न हो।
Leave a Reply